मदन मोहन मंदिर में होली का रंग: बसंत पंचमी से धुलेंडी तक चलेगा फाग गायन, श्रद्धालुओं की उमड़ रही भीड़ – Karauli News

मदन मोहन मंदिर में होली का रंग:  बसंत पंचमी से धुलेंडी तक चलेगा फाग गायन, श्रद्धालुओं की उमड़ रही भीड़ – Karauli News

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करौली के मदन मोहन मंदिर में फाग गीतों की गूंज शुरू हो गई है।

करौली में होली का रंग चढ़ने लगा है। लघु वृंदावन के नाम से मशहूर करौली के मदन मोहन मंदिर में फाग गीतों की गूंज शुरू हो गई है।

मदन मोहन मंदिर में होली गायन की परंपरा रियासतकाल से चली आ रही है। शयन आरती के समय श्रद्धालु चंग और थाप के साथ होली गीत गाते हैं। श्रीराधा मदन मोहन मंदिर को होली गायन का प्रमुख केंद्र माना जाता है।

बसंत पंचमी से ही विभिन्न मंडलियां होली गीतों की प्रस्तुतियां देने लगी हैं। शाम की शयन आरती के बाद मथुरा-वृंदावन जैसा माहौल बन जाता है। युवा मंडलियों के गायन से श्रद्धालु भाव-विभोर हो जाते हैं।

मंदिर में गाए जाने वाले कई होली गीतों में “रसिया बनो मदन मोहन प्यारो!” सबसे लोकप्रिय है। ब्रज संस्कृति से जुड़े होने के कारण करौली के हर उम्र के लोगों को होली गीत गाने का शौक है।

प्रतिदिन शयन आरती के बाद हजारों श्रद्धालु एकजुट होकर होली गीत गाते हैं। बच्चे गीतों पर नृत्य करते हैं। चंग, ढोलक और मंजीरों की थाप के साथ यह संगीतमय कार्यक्रम होली की धुलेंडी तक चलेगा। गोविंद देव जी मंदिर सहित अन्य प्रमुख मंदिरों और सार्वजनिक स्थलों पर भी श्रद्धालु फाग गीतों का आनंद ले रहे हैं।

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